भीषण हादसा: मध्य प्रदेश के जबलपुर मे एक 3 मंजिला प्राईवेट अस्पताल में लगी आग, 8 की मौत: प्रवेश द्वार पर शॉर्ट सर्किट से लगी आग, बाहर निकलने का केवल एक ही रास्ता था.

Bhilai ki Patrika,मध्य प्रदेश के जबलपुर में सोमवार दोपहर 3 बजे के आस पास एक निजी अस्पताल में आग लग गई. इस हादसे में 8 लोगों की मौत हो गई। इनमें 3 कर्मचारी भी हैं। 8 की हालत नाजुक बनी हुई है।


प्रशासन ने बताया कि तीन मंजिला न्यू लाइफ मल्टी स्पेशियलिटी अस्पताल के प्रवेश द्वार पर जनरेटर में शॉर्ट सर्किट के कारण आग लगी. हादसे के वक्त अस्पताल में 35 लोग मौजूद थे।

इसलिए आशंका जताई जा रही थी कि मरने वालों की संख्या बढ़ सकती है. अस्पताल प्रशासन की ओर से अभी कोई बयान नहीं आया है। जबलपुर संभागीय आयुक्त बी चंद्रशेखर की अध्यक्षता में गठित चार सदस्यीय कमेटी हादसे की जांच करेगी

इस हादसे पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दुख जताया है. मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह ने मृतकों के घरवालो को पांच-पांच लाख रुपये और घायलों को 50-50 हजार रुपये मुआवजा देने की घोषणा की है.


8 मृतकों की हुई शिनाख्त, 2 एक ही परिवार के थे


1. वीर सिंह (30 वर्ष), निवासी आधारताल, जबलपुर (स्टाफ सदस्य)

2. स्वाति वर्मा (24), निवासी- नारायणपुर, सतना (स्टाफ सदस्य)

3. महिमा जाटव (23), निवासी- नरसिंहपुर (स्टाफ सदस्य)

4. संगीता बाई (30), निवासी उदयपुर, बरेला (मंडला)

5. तन्मय विश्वकर्मा (19), खटीक मोहल्ला (जबलपुर)

6. अनुसूइया यादव (55), निवासी- चित्रकूट, मानिकपुर (यूपी)

7. सोनू यादव (26), चित्रकूट, मानिकपुर (यूपी)

8.  दुर्गेश सिंह (42), निवासी- आगासौद, जबलपुर


एक चश्मदीद का कहना है कि लाइट जाने पर जनरेटर चालू हो गया। तभी एक चिंगारी और धमाका हुआ, जिसके बाद आग लग गई। जनरेटर को अस्पताल के मुख्य द्वार के पास रखा गया था और यह जाने का एकमात्र रास्ता था।

दूसरी मंजिल पर हुई ज्यादा मौतें, यहां फंसे थे ज्यादा लोग

इमारत की दूसरी मंजिल पर अधिक लोगों की मौत हो गई, क्योंकि ज्यादातर लोग वहीं फंसे हुए थे। आग लगने के बाद कुछ लोग मरीजों को बचाने के लिए अंदर गए, जो बाहर नहीं निकल सके। आग की लपटें इतनी तेज थीं कि कमरे में फंसे लोगों को बाहर निकालना बेहद कठिन हो गया। कुछ लोगों को खिड़कियां और दरवाजे तोड़कर बाहर निकाला गया।



जनरेटर में शॉर्ट सर्किट से फैली आग

अस्पताल तीन मंजिला है, जिसमें 30 बेड हैं। अस्पताल के प्रशासक डॉ सुदेश पटेल, संतोष सोनी, निशांत गुप्ता और संजय पटेल हैं। उनकी तरफ से अभी तक हादसे के बारे में कुछ नहीं कहा गया है। एसपी सिद्धार्थ बहुगुणा ने बताया कि दोपहर में लाइट चली गई। इसी बीच जनरेटर चालू हो गया और शॉर्ट सर्किट से आग फैल गई।