ओला स्कूटर चार्जिंग के दौरान ब्लास्ट, पति-पत्नी और माँ झुलसे, दो मंजिला मकान में फैली आग, सब कुछ जलकर हुआ खाक.........

 भिलाई की पत्रिका न्यूज़ : रायपुर , छत्तीसगढ़ से इलेक्ट्रिक स्कूटी में चार्जिंग के दौरान ब्लास्ट होने का मामला सामने आया है, यहां रायपुर के टिकरापारा थाना इलाके के कृष्णा नगर में बुधवार 31 जनवरी की सुबह चार्जिंग के दौरान ओला स्कूटर की बैटरी में ब्लास्ट हो गया। इस घटना के वक्त घर पर 7 लोग मौजूद थे जिनमें से 3 आग में झुलस गए, वहीं आग इतनी तेजी से फैली कि इसने दो मंजिला बिल्डिंग को चपेट में ले लिया, जिससे खिड़की और दरवाजे सहित कई सामान जलकर खाक हो गए। 


सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची और आग पर काबू पाया। वहीं मौके पर पहुंची 112 की टीम के कांस्टेबल और ड्राइवर ने फायर ब्रिगेड की टीम के साथ मिलकर लोगों को घर से बाहर निकालने में मदद कर उन्हें अस्पताल पहुंचाया, जानकारी के मुताबिक घायलों की हालत गंभीर बताई जा रही है।

जानकारी के लिए आपको बता दें कृष्णा नगर में 38 साल के डॉ. फैजान का दो मंजिला मकान है, जिसमें वे अपने परिवार के साथ रहते हैं। 

उन्होंने बताया कि रात डेढ़-दो बजे के आसपास ओला स्कूटर को चार्जिंग में लगाकर परिवार के लोग सोने चले गए, घर के आंगन में 3 और दोपहिया वाहन खड़े थे। 


तभी अचानक सुबह साढ़े पांच बजे के आसपास ओला स्कूटर की बैटरी में ब्लास्ट हो गया, इससे आग पूरे स्कूटर में फैल गई

तीनों दोपहिया वाहन भी जल गये। आग फैलते हुए घर के निचले और ऊपरी मंजिल के कमरों के दरवाजों तक पहुंच गई, तभी कमरे के अंदर सो रहे लोगों की नींद खुली, लेकिन तब तक आग चारों तरफ फैल चुकी थी। 

पीड़ित डॉ. फैजान ने बताया कि आग घर के मेन गेट में लगी थी, माता-पिता और बहन पहली मंजिल पर सो रहे थे जबकि मैं और मेरी पत्नी दूसरे मंजिल में सो रहे थे, नीचे आग लगने की वजह से हमारा बाहर निकलना मुश्किल हो गया था|

चारों तरफ धुआं भर जाने से हमारा दम भी घुटने लगा था, आग की लपटें इतनी तेज थी कि कुछ नजर नहीं आ रहा था, इसके बाद सभी लोग छत और घर की बालकनी के सहारे सीढ़ियों से बाहर निकले।


इस घटना में फैजान खान उनकी पत्नी यास्मीन खान और मां के हाथों घर के अन्य मेंबर्स का धुएं में फंसे होने की वजह से उन्हें भी तकलीफें हुईं, उन्हें एक निजी अस्पताल में भर्ती किया गया|

 मौके पर पहुंची 112 के कॉन्स्टेबल त्रिलोकी कोसले और ड्राइवर धनेश्वर साहू ने फायर ब्रिगेड के कर्मचारियों के साथ मिलकर परिवार को नजदीकी हॉस्पिटल में भर्ती किया है, फिलहाल पीड़ितों का इलाज किया जा रहा है।