भिलाई की पत्रिका न्यूज़ : झारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM) की अगुवाई वाली चंपाई सोरेन सरकार सोमवार 5 फरवरी को झारखंड में पहली अग्निपरीक्षा देने जा रही है, मुख्यमंत्री चंपाई सोरेन आज झारखंड विधानसभा में होने वाले फ्लोर टेस्ट में अपना बहुमत साबित करेंगे, इसके लिए विधानसभा का विशेष सत्र भी बुलाया गया है|
वहीं फ्लोर टेस्ट में हिस्सा लेने के लिए प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन और जेएमएम के नेतृत्व वाले सत्तारूढ़ गठबंधन के सभी विधायक विधानसभा पहुंच चुके हैं।
81 सदस्यीय झारखंड विधानसभा में जेएमएम, कांग्रेस और आरजेडी गठबंधन के 47 विधायक हैं। इस फ्लोर टेस्ट से पहले पूर्व सीएम हेमंत सोरेन ने विधानसभा में कहा कि यह झारखंड है|
इस राज्य में हर कोने में आदिवासी और दलित वर्गों से अनगिनत सिपाहियों ने अपनी कुर्बानी दी है और सीबीआई, ईडी और आईटी देश के आदिवासी, दलित, पिछड़ों और बेगुनाहों पर ही अत्याचार करते हैं।
सोरेन ने कहा जहां करोड़ों रुपये खाकर इनके सहयोगी विदेशों में जा बैठे हैं, उनका सीबीआई, ईडी या आईटी एक बाल बांका नहीं कर सकती।
हेमंत सोरेन ने आगे कहा अगर है हिम्मत तो सदन में दस्तावेज दिखाकर साबित करें कि यह साढ़े 8 एकड़ की जमीन हेमंत सोरेन के नाम पर है, यदि ऐसा होता है तो मैं उसी दिन राजनीति से अपना इस्तीफा दे दूंगा, राजनीति ही क्या मै झारखंड को ही छोड़कर चला जाऊंगा।
मुख्यमंत्री चंपाई सोरेन के फ्लोर टेस्ट के दौरान हेमंत सोरेन ने सदन को संबोधित करते हुए कहा कि 31 जनवरी की काली रात में एक काला अध्याय देश के लोकतंत्र में नए तरीके से जुड़ा है, मेरे संज्ञान में 31 तारीख की रात को देश में पहली बार किसी सीएम की गिरफ्तारी हुई है।
मुझे लगता है इस घटना को अंजाम देने में कहीं न कहीं राजभवन का भी हाथ है, जिस तरह से यह घटना घटी है इससे मैं काफी हैरान हूं।
https:// भिलाई की
पत्रिका न्यूज़ के whatsup ग्रुप से जुड़ने के लिए लिंक पर क्लिक कर join करे|
https://chat.whatsapp.com/CcpbZrT5RBq563enojFExg

