भिलाई की पत्रिका न्यूज़ : शनिवार 25 मई की देर रात दिल्ली के विवेक विहार स्थित चिल्ड्रेन हॉस्पिटल में आग लग गई. इस घटना में 6 नवजात की मौत हो गई| पांच नवजात को बचाया गया. तीन मंजिला इमारत की पहली मंजिल पर शिशु देखभाल की सुविधा थी। कुल 12 बच्चे थे|
दिल्ली अग्निशमन प्रमुख अतुल गर्ग ने कहा कि आग लगने का कारण अभी पता नहीं चला है। बेशक, प्रारंभिक जांच से संकेत मिलता है कि आग लगने का कारण ऑक्सीजन सिलेंडर में विस्फोट था।
अधिकारियों ने बताया कि उन्हें रात करीब 11:30 बजे आग लगने की सूचना मिली| घटना स्थल पर कुल 16 दमकल गाड़ियां पहुंचीं. इनमें से एक बच्चे की आग लगने से पहले ही मौत हो गई. आग की लपटें इमारत की तीनों मंजिलों तक फैल गईं।
शिशु केंद्र में धुआं भर जाने से वहां अस्पताल में भर्ती ग्यारह बच्चों की हालत गंभीर हो गई। अग्निशमनकर्मी और निवासी लकड़ी की सीढ़ियों पर चढ़ गए और ग्यारह और बच्चों को खिड़की से बाहर निकाला। हालांकि, तब तक छह बच्चों की धुएं के कारण मौत हो चुकी थी।
बचाए गए पांच बच्चों को अस्पताल की उन्नत गहन चिकित्सा इकाई में स्थानांतरित कर दिया गया। बच्चों के अस्पताल में लगी आग पड़ोस की आवासीय इमारत में फैल गई। यहां से हम 11-12 लोगों को बचाने में कामयाब रहे. करीब डेढ़ घंटे की मशक्कत के बाद दमकलकर्मी आग पर पूरी तरह काबू पा सके।
दमकलकर्मियों और पुलिस के मुताबिक, चाइल्ड केयर फैसिलिटी के पास एक एम्बुलेंस में ऑक्सीजन भरी जा रही थी. उसी समय एक जोरदार विस्फोट की आवाज सुनाई दी. ऐसे में ऑक्सीजन सिलेंडर फटने से आग लगने की आशंका है।
दिल्ली पुलिस ने न्यू बोर्न बेबी केयर के मालिक नवीन किची के खिलाफ आईपीसी की धारा 336 (दूसरों की निजी सुरक्षा को खतरे में डालना), 304ए (लापरवाही से मौत का कारण) और 34 (आपराधिक गतिविधियां) के तहत एफआईआर दर्ज की है। वह पश्चिम विहार का रहने वाला है। घटना के बाद वह फरार है।
वही गुजरात के राजकोट में टीआरपी गेम जोन में शनिवार दोपहर साढ़े चार बजे लगी भीषण आग में 12 बच्चों समेत 28 लोगों की मौत हो गई. हादसा उस वक्त हुआ जब बच्चे गेम खेल रहे थे.
अचानक लगी आग के कारण लोग गेम जोन से बाहर नहीं निकल पा रहे थे. बड़ी मुश्किल से 25 लोगों को बाहर निकालने में कामयाब रहे| खेलते खेलते ही बच्चे जिंदा जल गये|

