बड़े पौधे लगाने के पीछे का मुख्य तर्क यह है कि इनकी जड़ें अधिक मजबूत होती हैं और इनका विकास भी तेजी से होता है। इससे इनकी जीवित रहने की संभावना भी बढ़ जाती है। पौधों की सुरक्षा के लिए, पारंपरिक ट्री गार्ड की जगह प्लास्टिक पाइप का उपयोग किया जा रहा है, जिससे इनकी सुरक्षा सुनिश्चित हो सके।
नगर निगम आयुक्त, देवेश कुमार ध्रुव, के निर्देशानुसार, पौधों की नियमित मॉनिटरिंग की जा रही है। उद्यान अधिकारी इस अभियान की पूरी निगरानी कर रहे हैं और पौधों में खाद और पानी का समय-समय पर छिड़काव किया जा रहा है। अब तक जीई रोड के दोनों किनारों, वाहन शाखा, कोसा नगर, राधिका नगर, और स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स जैसी जगहों पर लगभग 7,000 पौधे लगाए जा चुके हैं।
यह पहल न केवल शहर की हरियाली को बढ़ाने में मदद करेगी, बल्कि पर्यावरण को भी संतुलित बनाए रखेगी। बड़े पौधे न केवल अधिक ऑक्सीजन उत्पादन करेंगे, बल्कि पर्यावरण के अनुकूल भी रहेंगे, जिससे शहर की सूरत और भी निखर जाएगी।

