समारोह के मुख्य अतिथि और समिति के अध्यक्ष, घनश्याम कुमार देवांगन ने खिलाड़ियों को उनके अनुशासन और मेहनत के लिए सराहा। उन्होंने कहा, "मार्शल आर्ट न केवल आत्मरक्षा की कला है, बल्कि यह जीवन को स्वस्थ और अनुशासित बनाने का भी एक बेहतरीन साधन है। हर वर्ग के लोगों के लिए यह अत्यंत लाभकारी है।
इस प्रतियोगिता में एकेडमी के खिलाड़ियों ने कुल 72 पदक जीतकर शानदार प्रदर्शन किया, जिसमें 12 स्वर्ण, 25 रजत, और 35 कांस्य पदक शामिल हैं। खास बात यह रही कि 7 वर्षीय मायरा बघेल और 9 वर्षीय खुशांत वर्मा जैसे छोटे बच्चों ने भी अपनी प्रतिभा का परिचय दिया।
कराटे मैट का उद्घाटन और शानदार प्रदर्शन
कार्यक्रम में कल्पगौरव कंस्ट्रक्शन समूह के डायरेक्टर ए.एन. सिंह की उपस्थिति में खिलाड़ियों के अभ्यास के लिए 40 हजार रुपये मूल्य के कराटे मैट का उद्घाटन किया गया। सम्मान समारोह के दौरान खिलाड़ियों ने टावर फॉर्मेशन का अद्भुत प्रदर्शन किया, जिसने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया।
स्वर्ण पदक विजेता मेधा देवांगन ने अपने उत्कृष्ट प्रदर्शन से सबको प्रेरित किया। साथ ही, मायरा बघेल और खुशांत वर्मा जैसे उभरते सितारे भी समारोह के आकर्षण का केंद्र रहे।
सम्मानित खिलाड़ी और उनके परिश्रम का जश्न
इस आयोजन में बड़ी संख्या में खिलाड़ियों के परिवारजन और स्थानीय लोग उपस्थित थे। नियमित कराटे प्रशिक्षण का लाभ उठाकर ये बच्चे अपने क्षेत्र का नाम रोशन कर रहे हैं।
सम्मानित खिलाड़ियों में शामिल प्रमुख नाम हैं:
मेधा देवांगन, मायरा बघेल, अन्विता जोशी, दक्षा सिंह, काव्या वर्मा, लक्षिता वर्मा, रिमझिम देबनाथ, निहिरा जोशी, दीक्षा पाटिल, वरुणिका प्रसाद, श्रेयशी सिंह, प्रतिष्ठा तिवारी, लब्धि कौर, कनिका वर्मा, आकृति आनंद, इशिता वर्मा, खुशांत वर्मा, रयान, चिराग रुद्र, हर्षप्रीत सिंह, कौस्तुभ खोबरागड़े, समर्थ, अभ्युदय प्रसाद, कुशाग्र वर्मा, माहिर प्रकाश, अनिक साहा, प्रथमेश गांधी, मिहिर प्रकाश और कई अन्य।
इस सम्मान समारोह ने न केवल विजेताओं का मनोबल बढ़ाया, बल्कि अन्य बच्चों को भी प्रेरित किया। अभिषेक मार्शल आर्ट एंड स्पोर्ट्स एकेडमी बच्चों को आगे भी निखारने के लिए सतत प्रयासरत है।
यह आयोजन न केवल खिलाड़ियों के उज्जवल भविष्य का प्रतीक बना, बल्कि यह साबित किया कि सही मार्गदर्शन और मेहनत से हर लक्ष्य संभव है।

