भिलाई ब्रेकिंग : कार में बम ब्लास्ट मामले में आरोपी को पुलिस ने किया गिरफ्तार , बिल्डर से पत्नी के अवैध संबंध के संदेह में यूट्यूब देखकर की खौफनाक साजिश...

भिलाई की पत्रिका न्यूज़ : भिलाई , कोहका कुरूद रोड स्थित महोबिया बिल्डर्स के ऑनर की डस्टर कार में बीती शाम लगभग 7 बजे हुए टाइमर बम विस्फोट की घटना पूरे छत्तीसगढ़ में चर्चा का विषय बन गई है। इस धमाके से कार के चारों दरवाजे बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए, जबकि विस्फोट की तेज आवाज दूर तक सुनाई दी। भिलाई में इस तरह की घटना ने प्रशासन को भी चौका दिया है।


घटना के समय महोबिया बिल्डर्स के ऑनर रोज की तरह अपने घर जाने की तैयारी में थे। उनका भतीजा संजय बुंदेला जब कार में बैठने जा रहा था, तभी किसी ने उसे आवाज दी, जिससे वह वापस ऑफिस चला गया। इसी दौरान कार में जोरदार धमाका हुआ।

बिल्डर्स के मालिक ने पुलिस को बताया कि उनकी किसी से दुश्मनी नहीं है और वे पिछले दस वर्षों से इस व्यवसाय में कार्यरत हैं। हालांकि, एक सप्ताह पूर्व उनका एक अन्य वेंडर से विवाद हुआ था। उन्होंने पुलिस को सभी संभावित बिंदुओं की जानकारी दी, लेकिन धमाके के पीछे किसका हाथ हो सकता है, इस बारे में कोई ठोस बयान नहीं दे सके। मामले की जांच के बाद दुर्ग पुलिस ने 24 घंटे के भीतर इसका खुलासा कर दिया।

पुलिस अधीक्षक दुर्ग, जितेंद्र शुक्ला ने पुलिस कंट्रोल रूम में बताया कि ब्लास्ट की सूचना मिलते ही स्मृति नगर चौकी पुलिस और सुपेला पेट्रोलिंग टीम तुरंत मौके पर पहुंची। सीसीटीवी फुटेज की जांच में एक नकाबपोश व्यक्ति कार के पास कुछ प्लांट करता हुआ नजर आया। पुलिस ने आरोपी के पास से वारदात में प्रयुक्त स्कूटी और मोबाइल बरामद कर लिया है।

संजय बुंदेला, निवासी जवाहर नगर भिलाई, ने 28 जनवरी को पुलिस को सूचना दी थी कि महोबिया बिल्डर्स के साथ मिलकर वह कौशल बिल्डकॉन इंदू आईटीआई के पास एक ऑफिस संचालित करता है। शाम करीब 6 बजे ऑफिस के बाहर खड़ी डस्टर कार (सीजी 07 एसी 9990) में किसी विस्फोटक से धमाका किया गया, जिससे कार क्षतिग्रस्त हो गई।

घटना की गंभीरता को देखते हुए निरीक्षक राजेश मिश्रा, उप निरीक्षक गुरविंदर सिंह संधू और एसीसीयू की टीम का गठन किया गया, जिसने हर एंगल से मामले की जांच की। पीड़ित के व्यवसायिक प्रतिस्पर्धियों और अन्य संभावित कारणों की भी जांच की गई।

पुलिस अधीक्षक ने बताया कि जांच के दौरान सीसीटीवी फुटेज की मदद से ऑफिस में कार्यरत कर्मचारियों और उनके करीबी रिश्तेदारों की जानकारी जुटाई गई। फुटेज में दिख रहा संदिग्ध व्यक्ति कौशल बिल्डकॉन ऑफिस में कार्यरत असिस्टेंट मैनेजर पूजा सिंह के पति से मेल खाता था।

जब पुलिस ने पूजा सिंह के पति, देवेन्द्र सिंह को हिरासत में लेकर पूछताछ की, तो वह गोलमोल जवाब देकर पुलिस को गुमराह करने की कोशिश करता रहा। कड़ाई से पूछताछ करने पर उसने कबूल किया कि उसे संजय बुंदेला और अपनी पत्नी के अवैध संबंधों पर शक था। उसने अपनी पत्नी के फोन में फ्लैश टैग एप इंस्टॉल कर उनकी गतिविधियों पर नजर रखी और शक पक्का होने पर संजय बुंदेला को डराने की योजना बनाई।

देवेन्द्र सिंह ने यू ट्यूब पर बम बनाने का तरीका सीखा और बच्चों के खिलौने वाले रिमोट से टाइगर बम तैयार कर संजय बुंदेला की कार में ब्लास्ट किया। पुलिस ने आरोपी देवेन्द्र सिंह, निवासी लोक भारती स्कूल के पास, रामनगर भिलाई, को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है।