दुर्ग के शिवनाथ नदी में भिलाई के शख्स ने कू-द-क-र की आ-त्म-ह-त्या! 6 घंटे बाद मिला श-व, सु-सा-इ-ड नोट नहीं मिला..

दुर्ग में शिवनाथ नदी में कू-दे ढाबा संचालक, SDRF ने 6 घंटे की तलाश के बाद निकाला श-व

दुर्ग। जिले में शिवनाथ नदी से जुड़ी एक दर्दनाक घटना सामने आई है। दुर्ग-धमधा मुख्य मार्ग पर स्थित नदी में एक ढाबा संचालक के कू-द-ने की सूचना के बाद पुलिस और SDRF की टीम ने संयुक्त अभियान चलाया। कई घंटे की खोजबीन के बाद नदी से उनका श-व बरामद किया गया।

दुर्ग में शिवनाथ नदी में कूदे ढाबा संचालक, SDRF ने 6 घंटे बाद श-व निकाला

जानकारी के अनुसार मंगलवार 4 अगस्त की शाम करीब 7 बजे पथरिया चौक स्थित ढाबा संचालक संजय ओझा (46) ने शिवनाथ नदी में छ-लां-ग लगा दी। घटना की खबर मिलते ही पुलिस को सूचना दी गई, जिसके बाद अगले दिन सुबह से रेस्क्यू अभियान शुरू किया गया।

बुधवार सुबह करीब 5 बजे धमधा और नंदिनी थाना पुलिस मौके पर पहुंची। इसके साथ ही दुर्ग से SDRF की टीम को भी बुलाया गया। गोताखोरों ने लगातार नदी में तलाश अभियान चलाया।

करीब 6 घंटे की मशक्कत के बाद सुबह लगभग 11 बजकर 20 मिनट पर संजय ओझा का श-व नदी से बाहर निकाला गया। इसके बाद पुलिस ने आवश्यक कार्रवाई करते हुए शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। बताया गया कि संजय ओझा भिलाई के बैकुंठ धाम, छावनी थाना क्षेत्र के निवासी थे।

घटना के बाद पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है। शुरुआती जांच में मौके से कोई सु-सा-इ-ड नोट नहीं मिला है। ऐसे में पुलिस हर पहलू को ध्यान में रखकर मामले की पड़ताल कर रही है।

जांच के दौरान आर्थिक परेशानी, पारिवारिक विवाद या किसी अन्य संभावित कारण को भी देखा जा रहा है। पुलिस परिजनों और करीबियों से पूछताछ कर घटना की वास्तविक वजह जानने का प्रयास करेगी।

नंदिनी थाना प्रभारी के अनुसार फिलहाल मामले की जांच जारी है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और परिजनों के बयान मिलने के बाद ही मौ-त के कारणों को लेकर स्थिति स्पष्ट हो सकेगी। पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही किसी निष्कर्ष पर पहुंचा जाएगा।

आपके आसपास की हर बड़ी और भरोसेमंद दुर्ग-भिलाई व छत्तीसगढ़ की खबर सबसे पहले पाने के लिए हमारे साथ जुड़े रहें। आपकी एक जानकारी भी किसी की मदद बन सकती है।