दुर्ग पुलिस की बड़ी कार्रवाई: महादेव सट्टा ऐप मामले में 10 आरोपी गिरफ्तार, मुखबिर की सूचना पर उतई से पकड़े संदिग्ध से मिले क्लू ने बिहार में आरोपियों तक पहुँचाया...

भिलाई की पत्रिका न्यूज़ : दुर्ग पुलिस ने महादेव सट्टा ऐप से जुड़े एक बड़े मामले में शुक्रवार को जबरदस्त छापेमारी की है, जिसमें 10 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। इन आरोपियों के पास से पुलिस को महादेव सट्टा बैटिंग ऐप, रेड्डी अन्ना ऐप, और अन्य बैटिंग ऐप के संचालकों के साथ कई लिंक मिले हैं। फिलहाल पुलिस इन आरोपियों से गहन पूछताछ कर रही है। गिरफ्तार किए गए सभी आरोपी बिहार के आरा से हैं।



**पुलिस की सटीक रणनीति:**

दुर्ग पुलिस की क्राइम ब्रांच और उतई थाना की टीम ने सटोरियों की निशानदेही पर एक किराए के मकान से 10 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस को इन आरोपियों के पास से महादेव ऐप, रेड्डी अन्ना 250, और लेजर 21 संचालकों के लिंक भी मिले हैं। 

एसडीओपी आशीष बंछोर ने बताया कि पुलिस टीम ने ऑनलाईन सट्टा कारोबार करने वाले संदेहियों पर निगरानी रखी हुई थी। विशेष सूत्र भी लगाए गए थे, जिन्होंने टीम को जानकारी दी कि बिहार के आरा निवासी अभिषेक कुमार ऑनलाइन गेमिंग सट्टा ऐप के जरिए सट्टेबाजी कर रहा है।

**संदिग्ध की गिरफ्तारी:**

सूचना के आधार पर पुलिस ने घेराबंदी कर उतई बस स्टैंड से संदिग्ध अभिषेक कुमार को गिरफ्तार किया। प्रारंभिक पूछताछ में अभिषेक कुमार पुलिस को गुमराह करने की कोशिश करता रहा, लेकिन बाद में उसने ओम सिंह नामक व्यक्ति के माध्यम से ऑनलाइन गेमिंग सट्टा ऐप के जरिए सट्टेबाजी की बात कबूल की।

 उसने यह भी बताया कि वह नई आईडी, बैंक पासबुक, एटीएम कार्ड, और चेक बुक लेने के लिए उतई बस स्टैंड पर इंतजार कर रहा था। पूछताछ के दौरान पुलिस ने उसके पास से 7 लैपटॉप, 23 मोबाइल फोन, 3 चेक बुक, 2 पासबुक, 1 एटीएम कार्ड, 1 रजिस्टर, और 2 नोटबुक बरामद किए।

**बिहार से गिरफ्तारी:**

अभिषेक कुमार की गिरफ्तारी के बाद पुलिस टीम ने बिहार के आरा में छापेमारी की और वहां से अन्य 9 आरोपियों को गिरफ्तार किया। गिरफ्तार किए गए आरोपियों में रजनेश सिंह, रवि कुमार, शिशुपाल सिंह, शंकर यादव, अमित कुमार सिंह, अविनाश कुमार, ऋषभ कुमार सिंह, प्रिंस कुमार, और रिशांत सिंह शामिल हैं।

दुर्ग पुलिस की यह कार्रवाई सट्टेबाजी के खिलाफ एक महत्वपूर्ण कदम है और इससे यह साफ है कि ऑनलाइन सट्टा कारोबार पर पुलिस की पैनी नजर है। फिलहाल पुलिस सभी आरोपियों से पूछताछ कर रही है और उम्मीद है कि इस मामले में और भी बड़े खुलासे हो सकते हैं।