भिलाई की पत्रिका न्यूज़ : भिलाई: कल्याण लॉ कॉलेज में 1 जुलाई से लागू हुए तीन नए आपराधिक कानूनों, जिनमें भारतीय न्याय संहिता, भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता और भारतीय साक्ष्य अधिनियम शामिल हैं, पर चर्चा की गई।
इस कार्यक्रम में मुख्य वक्ता प्रिंसिपल डॉ. सुशीला यादव और सहायक प्राध्यापक अधिवक्ता गौरव सोनी थे। उन्होंने बताया कि पुराने कानून, जो अंग्रेजों द्वारा बनाए गए थे, का उद्देश्य भारतीयों पर शासन करना था, न कि समाज कल्याण। इसके विपरीत, नए कानून सामाजिक पहलुओं को ध्यान में रखते हुए बनाए गए हैं।
आरके सोनी ने बताया कि कानून में कुल 358 धाराएं, बीएनएनएस में 531 धाराएं, और बीएसए में 170 धाराएं शामिल हैं। नए प्रावधानों में जीरो एफआईआर, सामुदायिक सेवा, त्वरित न्यायालय, वीडियोग्राफी सर्च एवं सीज, इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्य, और महिलाओं एवं बच्चों से जुड़े अपराधों के लिए कठोर दंड शामिल हैं।
इसके अलावा, वक्ताओं ने नए कानूनों के तहत सामाजिक और कानूनी सुधारों के महत्व पर जोर दिया। उन्होंने बताया कि जीरो एफआईआर का प्रावधान अपराध की सूचना देने की प्रक्रिया को सरल और त्वरित बनाएगा, जिससे पीड़ित को तुरंत न्याय मिल सके। सामुदायिक सेवा के प्रावधान से अपराधियों को समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारियों का एहसास होगा और वे पुनर्वास की दिशा में कदम बढ़ा सकेंगे।
वक्ताओं ने यह भी कहा कि त्वरित न्यायालय प्रणाली से मामलों का निपटारा तेजी से होगा, जिससे न्याय प्रक्रिया में देरी नहीं होगी। वीडियोग्राफी सर्च एवं सीज का प्रावधान जांच प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी और विश्वसनीय बनाएगा। इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों के प्रावधान से डिजिटल युग में अपराधों की जांच और न्याय की प्रक्रिया को अधिक सटीक और प्रभावी बनाया जा सकेगा।
महिलाओं और बच्चों से जुड़े अपराधों के लिए कठोर दंड के प्रावधान को लेकर वक्ताओं ने कहा कि इससे ऐसे अपराधों में कमी आएगी और पीड़ितों को न्याय मिल सकेगा।
मुख्य वक्ता प्रिंसिपल डॉ. सुशीला यादव और सहायक प्राध्यापक अधिवक्ता गौरव सोनी ने बताया कि नए कानूनों का मुख्य उद्देश्य न्याय प्रणाली को अधिक जनोन्मुखी और समाजोपयोगी बनाना है, जिससे कानून का डर अपराधियों में बना रहे और समाज में शांति एवं न्याय का माहौल स्थापित हो सके। कार्यक्रम के अंत में वक्ताओं ने छात्रों के प्रश्नों का उत्तर दिया और उन्हें नए कानूनों के विभिन्न पहलुओं के बारे में विस्तार से समझाया।
भिलाई की पत्रिका न्यूज़ के whatsup ग्रुप से जुड़ने के लिए लिंक पर क्लिक कर join करे|
https://chat.whatsapp.com/E3wRU9CCyvFB5tbZKEAqQ7


