भिलाई की पत्रिका न्यूज़ :(छग) अंबिकापुर के मणिपुर थाना क्षेत्र में बीती रात हुए सड़क हादसे के बाद गौ-तस्करी का पर्दाफाश हुआ। अंबिकापुर-बिलासपुर मुख्य मार्ग पर एक तेज़ रफ्तार पिकअप और ट्रक के बीच टक्कर हो गई। दुर्घटना के तुरंत बाद दोनों वाहनों के चालक घटनास्थल से फरार हो गए।
जब स्थानीय लोगों ने पिकअप की जांच की तो उसमें 10 गायें अमानवीय तरीके से बंधी हुई पाईं। पुलिस और गौसेवा संगठनों के सहयोग से इन गायों को मुक्त कराया गया, हालांकि इस दौरान एक गाय की मौत हो गई। पुलिस ने पशु क्रूरता अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
दुर्घटना के बाद उजागर हुआ गौ-तस्करी मामला
नेशनल हाईवे-130 पर सांडबार बेरियर के पास रात करीब 1 बजे एक पिकअप और ट्रक की जोरदार भिड़ंत हो गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि दोनों वाहन बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए। हादसे के बाद दोनों वाहन चालक मौके से भाग निकले। जब घटनास्थल पर पहुंचे स्थानीय लोगों ने पिकअप की जांच की तो अंदर 10 गायें ठूंस-ठूंस कर भरी हुई थीं। गायों के पैर बेरहमी से रस्सियों से बांधे गए थे, जिससे साफ अंदाजा लगाया जा सकता था कि उन्हें बूचड़खाने ले जाया जा रहा था।
गौसेवा संगठनों ने किया रेस्क्यू
घटना की सूचना मिलने पर माँ महामाया पुनर्वास केंद्र, गौ सेवा मंडल और बेजुबान संस्थान के सदस्यों ने पुलिस के साथ मिलकर गायों को बाहर निकाला। तस्करों ने जिस तरह से गायों के चारों पैरों को कसकर बांधा था, वह अत्यंत अमानवीय था। पिकअप में ही एक गाय की मौत हो गई थी, जबकि नौ अन्य गायों को सुरक्षित बचा लिया गया।
पुलिस ने की कार्रवाई, तस्करों की तलाश जारी
पुलिस ने जीवित बची सभी गायों को नगर निगम के काऊ कैचर वाहन के जरिए गौशाला गौ आश्रय धाम भेज दिया। घटना की जानकारी देते हुए एएसपी अमोलक सिंह ने बताया कि मणिपुर पुलिस को रात करीब 1:30 बजे इस घटना की सूचना मिली थी।
शुरुआती जांच में यह जानकारी सामने आई है कि इन गायों को कोलकाता ले जाया जा रहा था। पुलिस ने पशु क्रूरता अधिनियम की धारा 11टी और छत्तीसगढ़ कृषक पशु पर्यवेक्षण अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया है। फिलहाल पिकअप वाहन को जब्त कर लिया गया है, और फरार चालकों तथा तस्करों की तलाश जारी है।
भिलाई की पत्रिका न्यूज़ के whatsup ग्रुप से
जुड़ने के लिए लिंक पर क्लिक कर ज्वाइन करे |
https://chat.whatsapp.com/IOVoH6eNnBa5TB0nClVjXi

