2 मई को देशभर के करोड़ों मोबाइल फोन पर एक साथ तेज सायरन सुनाई दे सकता है। इसे लेकर सरकार पहले ही लोगों को सतर्क कर चुकी है कि यह सिर्फ एक टेस्ट है, इसलिए घबराएं नहीं।
दरअसल, यह सायरन किसी खतरे का संकेत नहीं बल्कि एक नई तैयारी का हिस्सा है। दूरसंचार विभाग और राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (NDMA) मिलकर देश में मोबाइल बेस्ड डिजास्टर अलर्ट सिस्टम का परीक्षण कर रहे हैं। इस सिस्टम का उद्देश्य आपातकाल के समय लोगों तक तुरंत जानकारी पहुंचाना है।
मिडिया रिपोर्ट्स के अनुसार इससे पहले भी इस अलर्ट सिस्टम का परीक्षण दिल्ली-NCR और कई बड़े शहरों में किया जा चुका है। अब इसे पूरे देश में टेस्ट किया जा रहा है। सरकार ने इस सिस्टम का नाम SACHET (नेशनल डिजास्टर अलर्ट पोर्टल) रखा है। लोगों को पहले ही SMS के जरिए जानकारी दी जा चुकी है कि 2 मई को उनके क्षेत्र में ‘सेल ब्रॉडकास्ट अलर्ट’ का परीक्षण किया जाएगा और किसी तरह की कार्रवाई की जरूरत नहीं है।
अगर आपके मोबाइल पर भी सायरन बजे या अलर्ट मैसेज आए, तो इसे नजरअंदाज न करें लेकिन घबराएं भी नहीं। यह सिर्फ एक ट्रायल है, ताकि भविष्य में किसी भी आपदा की स्थिति में लोगों को समय रहते चेतावनी दी जा सके।
कैसे काम करता है यह सिस्टम?
यह अलर्ट सिस्टम ‘कॉमन अलर्टिंग प्रोटोकॉल (CAP)’ पर आधारित है, जिसे इंटरनेशनल टेलीकॉम यूनियन द्वारा सुझाया गया है। यह सिस्टम देश के सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में सक्रिय है। इसके जरिए SMS और तेज सायरन के माध्यम से लोगों को तुरंत अलर्ट भेजा जाता है।
खास बात यह है कि यह अलर्ट केवल उसी इलाके के लोगों को मिलेगा, जहां कोई संभावित आपदा हो सकती है। इसमें सेल ब्रॉडकास्ट टेक्नोलॉजी का उपयोग किया जाता है, जिससे एक साथ लाखों मोबाइल पर रियल टाइम में संदेश पहुंचता है।
यह भी पढ़े : गर्मी में बढ़ रहा हार्ट अटैक का खतरा! जानिए कैसे हीट वेव बना रही दिल के लिए खतरा, बचाव के 6 जरूरी तरीके!
यह भी पढ़े : अजब -गजब! शौच के दौरान ज्यादा जोर लगाने से महिला की 10 साल की याददाश्त गायब, सोशल मीडिया पर मचा हंगामा
यह भी पढ़े :गर्मी में बढ़ रहा हार्ट अटैक का खतरा! जानिए कैसे हीट वेव बना रही दिल के लिए खतरा, बचाव के 6 जरूरी तरीके!
ऑफिस से लौटते हुए राहुल ने जैसे ही कमरे का दरवाज़ा खोला,
उसे वही पुरानी घुटन महसूस हुई—एक छोटा सा कमरा,
यह भी पढ़े : ऑनलाइन लोन ऐप का जाल: 20 हजार की मजबूरी कैसे बनी 3 लाख का कर्ज और बर्बादी की कहानी
रात के करीब 11:30 बजे थे।
बाहर हल्की-हल्की बारिश हो रही थी। कमरे में सिर्फ एक ट्यूबलाइट..
यह भी पढ़े : अगर आप लोन ऐप के कर्ज में फंस
गए हैं तो क्या करें? जानिए 10 आसान तरीके
यह भी पढ़े : क्रेडिट कार्ड और EMI के जाल से कैसे बचें – पूरा गाइड
यह भी पढ़े :ऑनलाइन लोन ऐप से लोन लेने से पहले ये 7 बातें जरूर जान लें
भिलाई की पत्रिका न्यूज़ के whatsup ग्रुप से जुड़ने के लिए लिंक पर क्लिक कर ज्वाइन करे
https://chat.whatsapp.com/JZB9JQxil72096VB79T4RL?mode=hqctcla

.jpg)

